माता सीता का जन्मोत्सव हर साल फाल्गुन महीने के कृष्ण पक्ष की अष्टमी को मनाया जाता है. इसे जानकी जयंती के नाम से जाना जाता है.
माता सीता के जन्म से जुड़ी मान्यताएं:
1-पौराणिक कथाओं के मुताबिक, सीता का जन्म जनकपुर में हुआ था.
2-सीता को धरती से प्राप्त हुई थीं, इसलिए उन्हें धरती की पुत्री भी कहा जाता है.
3-सीता को जनक ने अपने हाथों से हल जोतते समय खेत में मिली थी.
4-हल के सीत के टकराने से वह कलश मिला था जिसमें एक सुंदर कन्या थी.
5-राजा जनक ने उस कन्या को कलश से बाहर निकाला और उसे अपनी पुत्री के रूप में स्वीकार किया.
6-हल के उस हिस्से से टकराकर माता सीता मिलीं थीं जिसे सीत कहा जाता है, इसलिए ही उनका नाम सीता रखा गया.
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सीता से जुड़ी कुछ और बातें:
सीता का विवाह भगवान श्रीराम से हुआ था.
सीता ने कौवे, फल्गु, और गाय को श्राप दिया था.
सीता ने अयोध्या में जाकर राम के साथ सुखमय जीवन व्यतीत किया.







