जब नेहरू के मुँह पर झन्नाटेदार झापड़ मारा गया था स्वामी विद्यानंद विदेह के द्वारा।
कारण.. नेहरू ने एक समारोह के अपने भाषण में कहा कि “हिन्दू आर्य” लोग हिंदुस्तान में शरणार्थी हैं। इतना सुनते ही आर्यसमाजी नेता स्वामी विद्यानंद विदेह जी जो उस समारोह के मुख्य अतिथि थे, उठे और मंच पर ही नेहरू को एक झन्नाटेदार झापड़ रसीद कर दिया और माइक छीनते हुए कहा कि …”आर्य लोग” लोग शरणार्थी नहीं, ये हमारे पूर्वज हैं और इस देश के मूलनिवासी हैं ।तुम्हारे ही पूर्वज “अरेबिक” हैं,
और तुम्हारे शरीर में “अरब” का खून बह रहा है। तुम इस महान देश के मूल निवासी नहीं.. तुम हो शरणार्थी…।” साथ ही कहा कि “काश सरदार पटेल इस देश के प्रधानमंत्री होते तो यह सब देखना न पड़ता।” (मंच पर अफरातफरी मच गई उसी समय की दुर्लभ फोटो, जो फोटोग्राफर ने बहुत मुश्किल से फिल्म की रील अपनी पेंट में छिपा कर रख ली थी)
【विदेह गाथा :- पृष्ठ 637 से साभार।】







