निरुक्त: वर्तमान आर्ष गुरुकुलों के आचार्यों के सामने अपने अस्तित्व को लेकर संकट खड़ा हो गया है?

  वर्तमान आर्ष गुरुकुलों के आचार्यों के सामने अपने अस्तित्व को लेकर संकट खड़ा हो गया है – वर्तमान आर्ष गुरुकुलों के आचार्यों के सामने अपने अस्तित्व को लेकर संकट खड़ा हो गया है – क्योंकि आचार्य अग्निव्रत जी ने वेदार्थ विज्ञानं में निरुक्त का भाष्य करके संसार के समक्ष वेद के मूल स्वरूप (सृष्टि … Read more

वेद, कुरान, बाइबल मे “पाप-पुन्य” के बारे मे क्या लिखा है, आइए तीनो का अवलोकन करे..? धर्म और मत मे अंतर, कर्मफल व्यवस्था

धर्म और मत में पाप-पुण्य को लेकर मान्यताओं की तुलना 1. ईसाइयत:- हर व्यक्ति जन्म से पापी हैं क्यूंकि सृष्टि के आदि में हव्वा (Eve) और आदम (Adam) ने बाइबिल के ईश्वर के आदेश की अवमानना की थी। इसलिए ईश्वर ने हव्वा को शाप देकर पापी करार दिया था। इस पाप से बचाने वाला केवल … Read more

ब्रह्मचर्य क्या है, ब्रह्मचर्य पालन के 30 घरेलु उपाय, क्या आप जानते है ब्रह्मचर्य शब्द का किसी भी भाषा मे कोई अर्थ नही है

ब्रह्मचर्य क्या है..? ब्रह्मचर्य संस्कृत भाषा का एक ऐसा शब्द है जिसका संसार की किसी भाषा के एक शब्द में अनुवाद नहीं किया जा सकता। ब्रह्मचर्य का पहला मुख्य अर्थ होता है:- “ब्रह्म” अर्थात् परमात्मा में विचरण-परमात्मा को प्राप्त करना, परमात्मा का साक्षात्कार करना। इसलिए ब्रह्मचर्य का दूसरा अर्थ होता है:- वेदों और शास्त्रों और … Read more